जनपद के दूरस्थ एवं संचार सुविधा से वंचित क्षेत्रों में मोबाइल नेटवर्क एवं दूरसंचार सेवाओं को सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया की अध्यक्षता में जिला कार्यालय सभागार स्थित एनआईसी कक्ष में जिला संचार समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में संचार सेवाओं के विस्तार, नेटवर्क गुणवत्ता में सुधार तथा अवशेष स्वीकृत मोबाइल टावरों की स्थापना में तेजी तथा विभिन्न विभागों एवं संचार कम्पनियों के मध्य प्रभावी समन्वय स्थापित कर कार्यों को समयबद्ध ढंग से पूर्ण करने के निर्देश दिए गए।
जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि जनपद के नेटवर्क की कम गुणवत्ता वाले तथा शेष संचार विहीन चिन्हित क्षेत्रों का सर्वे शीघ्र पूर्ण कराया जाए। उन्होंने कहा कि जिन क्षेत्रों की सूची पूर्व में संचार कम्पनियों को उपलब्ध कराई जा चुकी है, वहां आवश्यक प्रस्ताव एवं कार्ययोजना तैयार कर नेटवर्क विस्तार संबंधी कार्यों में तेजी लाई जाए।
बैठक में अवगत कराया गया कि जिलाधिकारी के निर्देशों पर पंचायत राज विभाग के माध्यम से कराए गए सर्वेक्षण में जनपद के 92 गांव ऐसे चिन्हित किए गए थे, जहां मोबाइल संचार की गुणवत्ता अत्यंत कमजोर थी अथवा संचार सुविधा उपलब्ध नहीं थी। इनमें से अब तक 16 जगहों को मोबाइल संचार सुविधा से आच्छादित किया जा चुका है तथा 8 स्थानों पर नेटवर्क विस्तार का कार्य प्रगति पर है, जबकि शेष चिन्हित क्षेत्रों में सर्वेक्षण एवं आवश्यक कार्यवाही गतिमान है। संचार कंपनियों के प्रतिनिधियों द्वारा बताया गया कि विषम भौगोलिक परिस्थितियों के चलते विद्युत संयोजन उपलब्ध न होने के कारण जिन मोबाइल टावरों का संचालन प्रारंभ नहीं हो पाया था, ऐसे सभी स्थलों पर विद्युत संयोजन स्थापित करते हुए चालू किया के दिया गया है।
उन्होंने सभी उपजिलाधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में संचार सेवाओं की नियमित समीक्षा करने, स्थानीय स्तर पर प्राप्त शिकायतों का त्वरित संज्ञान लेने तथा संबंधित विभागों एवं संचार कम्पनियों के साथ समन्वय स्थापित कर समस्याओं का समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही संचार कम्पनियों को जनपद में प्रस्तावित एवं प्रगतिरत कार्यों की अद्यतन जानकारी प्रशासन के साथ साझा करते हुए निर्धारित समयसीमा में कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने लैंसडौन क्षेत्र में स्वीकृत दो मोबाइल टावरों की स्थापना का कार्य बिना विलंब प्रारम्भ करने के निर्देश देते हुए कहा कि स्वीकृत परियोजनाओं को शीघ्र धरातल पर उतारा जाए, ताकि क्षेत्रवासियों को बेहतर संचार सुविधाओं का लाभ मिल सके।
संचार सुविधाओं की गुणवत्ता को लेकर विभिन्न माध्यमों से प्राप्त शिकायतों पर भी विस्तृत चर्चा की गई। संचार कंपनियों के प्रतिनिधियों द्वारा बताया गया कि अधिकांश शिकायतों का समाधान किया जा चुका है। जिसपर जिलाधिकारी ने ई-डिस्ट्रिक्ट मैनेजर को क्षेत्रों के स्थानीय निवासियों से फीडबैक प्राप्त कर वास्तविक स्थिति का परीक्षण करने को कहा।
बैठक में जिलाधिकारी ने सभी रेखीय विभागों एवं संचार कम्पनियों को बेहतर समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सड़क निर्माण, चौड़ीकरण एवं सड़क किनारे नालियों की खुदाई के दौरान संचार कम्पनियों की ऑप्टिकल फाइबर केबल एवं अन्य संचार लाइनों को क्षति न पहुंचे, इसके लिए संबंधित कार्यदायी विभाग एवं संचार कम्पनियां पूर्व समन्वय स्थापित करें। उन्होंने निर्देशित किया कि निर्माण कार्य प्रारम्भ करने से पूर्व आवश्यक सूचना का आदान-प्रदान एवं तकनीकी समन्वय अनिवार्य रूप से सुनिश्चित किया जाए, जिससे जनसंचार सेवाएं बाधित न हों।
बैठक में अपर जिलाधिकारी एफ.आर. चौहान, एडीपीआरओ प्रदीप सुंदरियाल, ई-डिस्ट्रिक्ट मैनेजर सचिन भट्ट, जेटीओ बीएसएनएल सुमित शर्मा, सहायक अभियंता डीडीए रणवीर सिंह, अधिशासी अधिकारी नगर पालिका परिषद पौड़ी संजय कुमार सहित जनपद के समस्त उपजिलाधिकारी एवं संबंधित अधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से उपस्थित रहे।




